मध्य प्रदेश का जबलपुर नर्मदा तट और प्राकृतिक सुंदरता के साथ अपने प्राचीन मंदिरों के लिए भी जाना जाता है। यहां की तीर्थयात्रा में लक्ष्मी नारायण स्वामी मंदिर का विशेष स्थान है, जहां एक ही परिसर में कई देवी-देवताओं के दर्शन का अवसर मिलता है। मंदिर में स्थापित 13 शिवलिंग श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र हैं।
श्रद्धालु आमतौर पर भगवान लक्ष्मी नारायण स्वामी के दर्शन से यात्रा शुरू करते हैं। इसके बाद परिसर में स्थित विघ्न विनायक भगवान गणेश के मंदिर में पूजा की जाती है। मान्यता है कि गणेश जी भक्तों के विघ्न दूर करते हैं, इसलिए कई लोग यहीं से अपनी तीर्थयात्रा आरंभ करते हैं।
आगे मां दुर्गा का मंदिर है, जहां माता पार्वती की प्रतिमा भी है, जो भगवान शिव की गोद में विराजमान दिखाई देती हैं। इसके बाद सूर्यदेव का मंदिर और फिर श्रीराम मंदिर आता है, जहां भगवान राम के साथ हनुमान जी के दर्शन होते हैं। परिसर में पंचमुखी हनुमान जी की प्रतिमा भी स्थापित है।
मंदिर परिसर में मां नर्मदा का स्थान भी है, जिसे स्थानीय आस्था में विशेष महत्व प्राप्त है। श्रद्धालुओं का मानना है कि सच्चे मन से की गई प्रार्थना से यहां आध्यात्मिक शांति मिलती है। नवरात्रि और आगामी कार्तिक मास जैसे पर्वों के दौरान यहां भक्तों की आवाजाही बढ़ जाती है।
स्रोत: न्यूज18 हिंदी


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