भगवान वाल्मीकि की जयंती से पहले पंजाब में उत्सव का माहौल है। जालंधर के शांति नगर स्थित भगवान वाल्मीकि आश्रम में 15 अक्टूबर से कार्यक्रम चल रहे हैं। इसी क्रम में रविवार 18 अक्टूबर को जालंधर से अमृतसर स्थित श्री रामतीर्थ तक विशाल तीर्थयात्रा रवाना करने का कार्यक्रम रखा गया, जिसमें हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया।
आयोजकों के अनुसार इस तीर्थयात्रा में करीब 50 हजार श्रद्धालुओं के शामिल होने का अनुमान है और राज्यभर से लगभग एक हजार बसें इसका हिस्सा बनेंगी। भगवान वाल्मीकि उत्सव कमेटी के प्रधान विपन सभ्रवाल ने बताया कि कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री को दोपहर एक बजे आश्रम में माथा टेकने के बाद पैदल मार्च में शामिल होना था और श्रद्धालुओं की बसों को हरी झंडी दिखानी थी।
अमृतसर का श्री रामतीर्थ वह स्थान माना जाता है, जहां महर्षि वाल्मीकि का आश्रम था। रामायण के रचयिता महर्षि वाल्मीकि की जयंती इस वर्ष 26 अक्टूबर को है, लेकिन पंजाब में इससे करीब एक सप्ताह पहले ही आयोजन शुरू हो जाते हैं।
पंजाब में दलित समुदाय की आबादी लगभग 32 प्रतिशत है, जिसमें वाल्मीकि समाज की बड़ी हिस्सेदारी है। इसी वजह से राज्य में वाल्मीकि जयंती बड़े उत्सव के रूप में मनाई जाती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता पंजाब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों को करनी थी।
स्रोत: दैनिक भास्कर


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