जोधपुर में ओवैसी का शो रहा फ्लॉप, मुख्यमंत्री का जलवा बरकरार - Maheka Sansar

जोधपुर में ओवैसी का शो रहा फ्लॉप, मुख्यमंत्री का जलवा बरकरार

अव्यवस्थाओं के कारण नहीं रुक पाए ओवैसी, नेतृत्व की कमी साफ दिखाई दी
जोधपुर। जाने माने फायर ब्रांड नेता असद्दुदीन ओवैसी दो दिवसीय जोधपुर और बाड़मेर दौरे पर आए है और आज जोधपुर के पुराने भीतरी शहर के बंबा क्षेत्र में जनसंपर्क का कार्यक्रम तय था और जौहर की नमाज भी बंबा क्षेत्र में पढ़ने का कार्यक्रम था लेकिन सब कार्यक्रम धरे के धरे रह गए और ओवैसी आए माला पहनी और चले गए।

चाहने वाले हुए निराश
ओवैसी के चाहने वाले इस उम्मीद से आए थे कि जिनको टीवी पर बोलते हुए देखतेभाई उनको सामने से देखने और सुनने का मौका मिलेगा लेकिन हुआ कुछ उल्टा ही जैसे ओवैसी आए वहां खड़ी भीड़ के लोग भी स्टेज पर चढ़ने लग गए और ना तो किसी के बैठने की व्यवस्था थी ना कुछ और व्यवस्था थी इसी कारण से ओवैसी रुके ही नही और माला पहनकर सीधे सर्किट हाउस चले गए ना तो कोई जनसंपर्क हुआ और ना ही कोई बात कही और लोगो को निराशा हाथ लगी और युवाओं में ये कहते सुना गया कि इससे अच्छा तो हमारे मुख्यमंत्री है जो इतने बड़े नेता होते हुए भी पैदल चलकर लोगो से मिलते है बात करते है ऐसे में ओवैसी के प्रति जो उत्साह था फीका पड़ता दिखाई दिया।

बंबा क्षेत्र के अधिकतर लोग जुड़े है सीधे मुख्यमंत्री से

बंबा क्षेत्र में ओवैसी के आने का मतलब सीधे मुख्यमंत्री को चुनौती देना था लेकिन ओवैसी चुनौती तो दूर दस मिनट भी रुक पाए क्योंकि भीड़ उम्मीद से कमथी और थी तो भी युवा और बच्चे ही थे जिसको देखकर कही नही लगता कि ये देश के किसी बड़े नेता का कार्यक्रम है एवं बंबा क्षेत्र के लोग लगातार मुख्यमंत्री से लगातार जुड़े है और यहां इनकी नींव हिलाना बड़ा मुश्किल काम है और वर्षो से लोग कांग्रेस से जुड़े है यहां से मुख्यमंत्री को झटका देना बड़ा मुश्किल हैं और इसमें ओवैसी कामयाब नही हो पाए है

पुराने लोगो को किया दरकिनार
जिन लोगो ने इस पार्टी को जोधपुर में खड़ा किया और लगातार दस वर्षो मेहनत करते आए है उनको इस कार्यक्रम में नेतृत्व नही दिया गया इसी के चलते कार्यक्रम का मैनेजमेंट नही हो पाया स्थानीय कार्यकर्ताओं को महत्व दिया जाता तो कार्यक्रम शायद कुछ हद तक सफल हो जाता लेकिन पुराने कार्यकर्ताओं की उपेक्षा के चलते शो फ्लॉप रहा यहां तक कि इस दौरे के दो दिन पूर्व तक पुराने कार्यकर्ताओं को पता ही नही था कि कार्यक्रम है भी कि नहीं बिना कार्यकर्ताओं के कार्यक्रम भी हिट नही करा पाए तो चुनावो में क्या होगा।
अंत में जब ओवैसी सर्किट हाउस से बाहर आए और बालोतरा के लिए रवाना हुए तब पहले से ही मौजूद कार्यकर्ताओं ने ओवैसी की गाड़ी रोक ली और मजबूरन ओवैसी को गाड़ी से बाहर आना पड़ा तब जाकर कार्यकर्ता शांत हुए।
स्थानीय मुद्दों पर बात नही कर पाए
ओवैसी ने मुख्यमंत्री के गृह जिले से शुरुआत कि लेकिन राजस्थान के स्थानीय मुद्दों पर कुछ नही कह पाए विकास पर वो कुछ नही बोले, रोजगार पर वो कुछ नही बोले लेकिन जैसा वो हमेशा बोलते है वैसे ही बोले और केवल राष्ट्रीय मुद्दों पर बात की राजस्थान के बारे में ज्यादा नही बोल पाए।