लखनऊ। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने 10 मार्च को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित इंडिया गठबंधन की रैली को लेकर विपक्षी नेताओं पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि रैली में 10 लाख लोगों को जुटाने का लक्ष्य असफल रहा और वहां केवल 10 हजार लोग आए।
रैली पर उपमुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
मौर्य ने अपने ‘एक्स’ सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया कि कांग्रेस और इंडिया गठबंधन ने रामलीला मैदान में 10 लाख लोगों को इकट्ठा करने की योजना बनाई थी, लेकिन यह पूरा कार्यक्रम फ्लॉप साबित हुआ। उन्होंने कहा कि जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार को गिराने की कोशिशों को खारिज कर दिया है।
उन्होंने विपक्षी नेताओं राहुल गांधी और अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए कहा,
“राहुल गांधी एक नकली प्रधानमंत्री और अखिलेश यादव नकली मुख्यमंत्री बन सकते हैं, लेकिन असली पदों तक पहुंचने में इन्हें 30 साल लगेंगे।”
मौर्य के आरोपों का सपा ने किया पलटवार
समाजवादी पार्टी ने केशव प्रसाद मौर्य की टिप्पणी पर जवाब देते हुए कहा कि उन्हें विपक्ष पर निशाना साधने की बजाय खुद को भाजपा के मुख्यमंत्री पद के चेहरे के रूप में स्थापित करने पर ध्यान देना चाहिए।
सपा प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने आईएएनएस से कहा कि मौर्य उत्तर प्रदेश के प्रमुख नेता हैं, लेकिन भाजपा की आंतरिक राजनीति के कारण उन्हें किनारे कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि मौर्य को अपने चुनाव पर ध्यान देना चाहिए, न कि शैडो प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री बनने की चर्चाओं में उलझना चाहिए।
वर्मा ने यह भी कहा कि पिछले 10 वर्षों में मौर्य के साथ भाजपा के भीतर जो व्यवहार हुआ है, वह शर्मनाक है।
सपा विधायक ने भी मौर्य की स्थिति पर सवाल उठाए
सपा विधायक जाहिद बेग ने भी केशव प्रसाद मौर्य के बयानों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि मौर्य के पास अपनी स्वतंत्र राय रखने की आजादी नहीं है और जनता उन्हें गंभीरता से नहीं लेती।
बेग ने आईएएनएस से कहा कि मौर्य को अपनी पार्टी और मंत्रालय की स्थिति पर पहले ध्यान देना चाहिए। जब तक जनता उन्हें गंभीरता से नहीं लेती, तब तक उनके बयान पर टिप्पणी करना उचित नहीं होगा।
क्या कहा गया और क्या है विवाद
- केशव प्रसाद मौर्य ने इंडिया गठबंधन की रैली को कम सफल बताया और विपक्षी नेताओं को नकली नेता कहा।
- सपा ने मौर्य पर भाजपा के भीतर चल रही आंतरिक राजनीति का आरोप लगाया और उन्हें विपक्ष पर ध्यान न देने की सलाह दी।
- सपा विधायक ने मौर्य की राजनीतिक स्थिति पर सवाल उठाए और कहा कि उन्हें पहले अपनी पार्टी की स्थिति सुधारनी चाहिए।
पाठकों के लिए मुख्य तथ्य
- दिल्ली के रामलीला मैदान में इंडिया गठबंधन की रैली में 10 लाख की जगह करीब 10 हजार लोग पहुंचे।
- केशव प्रसाद मौर्य ने राहुल गांधी को नकली प्रधानमंत्री और अखिलेश यादव को नकली मुख्यमंत्री कहा।
- समाजवादी पार्टी ने मौर्य पर भाजपा की आंतरिक राजनीति की वजह से हाशिए पर होने का आरोप लगाया।
- सपा विधायक ने मौर्य की स्वतंत्रता और राजनीतिक स्थिति पर सवाल उठाए हैं।
स्रोत: deshbandhu.co.in


टिप्पणियाँ
इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।